Labels

Friday, 6 February 2026

 

 जलवायु परिवर्तन और भारतीय अर्थव्यवस्था

Special Topic • Page 1 • मूल अवधारणा एवं किसान पर प्रभाव


🔹 परिचय

जलवायु परिवर्तन से तात्पर्य तापमान, वर्षा पैटर्न और चरम मौसमी घटनाओं में दीर्घकालिक बदलाव से है। भारत जैसे विकासशील देश के लिए यह केवल पर्यावरणीय नहीं बल्कि आर्थिक और सामाजिक चुनौती भी है।

🔹 जलवायु परिवर्तन और भारतीय अर्थव्यवस्था का संबंध

  • जलवायु-संवेदनशील क्षेत्रों पर निर्भरता
  • कृषि पर आजीविका की अधिक निर्भरता
  • खाद्य सुरक्षा, मुद्रास्फीति और विकास पर प्रभाव

इसका असर GDP वृद्धि, रोजगार और आय वितरण पर पड़ता है।

🔹 किसानों और कृषि पर प्रभाव

भारतीय कृषि मुख्यतः मानसून पर निर्भर है। जलवायु परिवर्तन के कारण:

  • अनियमित वर्षा और सूखा
  • फसल विफलता और उत्पादन में अनिश्चितता
  • लागत में वृद्धि और ऋणग्रस्तता

इससे कृषि आय और ग्रामीण जीवन प्रभावित होता है।

🔹 खाद्य सुरक्षा और मुद्रास्फीति

जलवायु से उत्पन्न आपूर्ति झटकों के कारण कृषि उत्पादन घटता है, जिससे खाद्य मुद्रास्फीति बढ़ती है। इसका सबसे अधिक असर गरीब वर्ग पर पड़ता है।

🔹 यह आर्थिक मुद्दा क्यों है?

  • प्राथमिक क्षेत्र की उत्पादकता घटती है
  • आपदा राहत पर सार्वजनिक खर्च बढ़ता है
  • दीर्घकालिक सतत विकास को खतरा

इसलिए जलवायु परिवर्तन को “थ्रेट मल्टीप्लायर” कहा जाता है।

 परीक्षा दृष्टिकोण

यह विषय UPSC GS-III, निबंध और Prelims के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, विशेषकर कृषि संकट और सतत विकास से जुड़े प्रश्नों में।


© Shaktimatha Learning | Special Topic – Hindi | Page 1

No comments:

Post a Comment

Shaktimatha Learning Malayalam UPSC Mega Library – Current Affairs & Geography Synopsis 2026

  ശക്തിമാതാ ലേണിംഗ് – മലയാളം UPSC മെഗാ ലൈബ്രറി UPSC • Kerala PSC • SSC • Banking • Railways • Competitive Exams ഡെ...